उत्तर भारत के सुप्रसिद्ध ऐतिहासिक मां पूर्णागिरी धाम मेले का आज भव्य शुभारंभ मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने विधिवत पूजा-अर्चना के साथ किया। मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि पूर्णागिरी मेले को पूरे वर्ष संचालित करने की दिशा में तेजी से कार्य होगा, ताकि यह आस्था स्थल 12 महीने श्रद्धालुओं के लिए खुला और सुविधासंपन्न रह सके।
मेले को स्थायी एवं आधुनिक ढांचे से विकसित करने का लक्ष्य तय किया गया है। श्रद्धालुओं की बढ़ती संख्या को देखते हुए आवागमन मार्ग, पेयजल, शौचालय, पार्किंग, रोपवे और सुरक्षा व्यवस्थाओं को और मजबूत बनाने के निर्देश दिए गए। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने 74 करोड़ रुपये से अधिक लागत की नौ विकास योजनाओं का लोकार्पण व शिलान्यास कर क्षेत्र के धार्मिक पर्यटन को नई गति देने का भरोसा जताया।
मुख्यमंत्री ने श्रद्धालुओं से चंपावत जिले के अन्य धार्मिक स्थलों के भी दर्शन करने की अपील की और कहा कि आस्था केवल परंपरा नहीं, बल्कि आत्मिक अनुभूति है। उन्होंने उत्तराखंड को देवभूमि बताते हुए कहा कि यहां की प्राकृतिक दिव्यता स्वयं श्रद्धालुओं को आकर्षित करती है। पूजन उपरांत उन्होंने प्रदेशवासियों व श्रद्धालुओं के सुख-समृद्धि की कामना करते हुए सभी को होली की शुभकामनाएं दीं। कार्यक्रम में सांसद अजय टम्टा, जिलाध्यक्ष गोविंद सामंत सहित अनेक जनप्रतिनिधि व अधिकारी उपस्थित रहे।