चिन्यालीसौड़ के जोगथ गांव से आई दिल जीत लेने वाली तस्वीर, कुत्ता बना इंसान का सच्चा साथी

0

Chinyalisod_uttarkashi_news

IMG_20260213_205500

Oplus_16908288

🐶 2 किलोमीटर पहाड़ी रास्ता… मुंह में सामान, वफादारी की जीती-जागती मिसाल बना जोगथ गांव का ‘हीरो’ कुत्ता ❤️

उत्तराखंड के चिन्यालीसौड़ क्षेत्र के जोगथ गांव से सामने आया एक वीडियो इन दिनों सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। आमतौर पर हम कुत्ते को इंसान का सबसे भरोसेमंद साथी कहते हैं, लेकिन इस गांव का एक वफादार कुत्ता उस कहावत को सच साबित करता नजर आ रहा है। दुर्गम पहाड़ी रास्तों, पथरीली चढ़ाई और करीब 2 किलोमीटर की दूरी को पार करते हुए यह कुत्ता मुंह में सामान दबाकर सड़क से सीधे अपने घर तक पहुंचा देता है।

🏔️ दुर्गम रास्ता, लेकिन जिम्मेदारी पूरी

गांव वालों के मुताबिक, जब भी घर का कोई सदस्य सड़क से राशन या जरूरी सामान लेकर आता है, यह कुत्ता खुद आगे बढ़कर उस सामान को अपने मुंह में पकड़ लेता है। फिर बिना किसी हड़बड़ी या भटकाव के सीधा घर की ओर चल पड़ता है। पहाड़ के संकरे और घुमावदार रास्ते, ऊंची-नीची पगडंडियां और मौसम की चुनौतियां भी उसकी जिम्मेदारी को कम नहीं कर पातीं।

❤️ शुरुआत में लगा इत्तेफाक, अब बन गया भरोसा

घर के मालिक आनंद रावत जी बताते हैं कि शुरुआत में उन्हें लगा कि शायद यह संयोग हो सकता है। लेकिन जब हर बार वही दृश्य दोहराया गया, तो उन्हें समझ आया कि यह सिर्फ खेल नहीं, बल्कि अपनापन और जिम्मेदारी की भावना है। कुत्ता सामान को सुरक्षित हालत में घर तक पहुंचाता है और फिर चुपचाप एक तरफ बैठ जाता है, जैसे उसने अपना कर्तव्य पूरा कर लिया हो।

📱 सोशल मीडिया पर बना ‘पहाड़ का असली हीरो’

वीडियो सामने आने के बाद लोग इस वफादार कुत्ते की जमकर तारीफ कर रहे हैं। कोई उसे “पहाड़ का डिलीवरी बॉय” कह रहा है तो कोई “गांव का सच्चा रक्षक”। कई यूजर्स ने लिखा कि जहां इंसान कभी-कभी जिम्मेदारी से पीछे हट जाते हैं, वहां एक जानवर निस्वार्थ भाव से अपना कर्तव्य निभा रहा है।

पहाड़ों में जहां रोजमर्रा की जिंदगी पहले ही संघर्ष से भरी होती है, वहां ऐसा साथी किसी वरदान से कम नहीं। यह कहानी सिर्फ एक कुत्ते की नहीं, बल्कि इंसान और जानवर के बीच उस अटूट रिश्ते की है, जो भरोसे और प्रेम की नींव पर टिका होता है। 🐕🏔️

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

You may have missed